
बरही के खितौली में दुर्लभ सत्संग का आयोजन
पूज्य संत विजयानंद गिरि जी महाराज के मुखारबिंद से होगी सत्संगरूपी अमृतवर्षा
8 से 14 दिसंबर तक सत्संग श्रवण का मिलेगा सौभाग्य
बरही/कटनी। देश के एक ऐसे देवदूत, दुर्लभ संत जो किसी भी तरह का चढ़ावा स्वीकार नही करते, आडंबर, दिखावे से दूर, माला नही पहनते, खुद की फोटो नही खिंचवाते ऐसे परम पूज्य संत स्वामी विजयानंद गिरि जी महाराज ऋषिकेशधाम के मुखारविंद से दिव्य व दुर्लभ सत्संग का रसपान करने का सौभाग्य इस बार बरही तहसील के खितौली ग्राम के भगवत प्रेमी रसिकों को मिलने जा रहा है।
आगामी रविवार 8 दिसंबर से 14 दिसंबर 2024 तक दुर्लभ सत्संग का भव्य आयोजन होगा। इसके पूर्व 7 दिसंबर को श्रद्धेय स्वामी श्री विजयानंद गिरि जी महाराज का बड़वारा के गणेशपुर से आगवन होगा और इसी दिन दोपहर 3 बजे से श्रीराधा-कृष्ण मंदिर खितौली से कलश शोभायात्रा निकाली जाएगी, जो कार्यक्रम स्थल देवी जी की मढ़िया पहुचेंगी।
8 से 14 दिसंबर तक हर दिन दोपहर 02 बजे से शाम 05 बजे तक परमात्मा और प्राणी के प्रांगण प्रेम की गूढ़ चर्चा, आध्यात्मिक चेतना का परमानंद प्राप्त करने आयोजन समिति ने क्षेत्र के समस्त धर्मप्रिय जनमानस से कार्यक्रम में पहुँचकर दुर्लभ सत्संग का रसपान करने का आग्रह किया है।
भेंट, चढ़ावा वर्जित
आयोजन समिति ने बताया कि पूरे आयोजन के दौरान किसी भी तरह का भेंट, चढ़ावा स्वीकार नही है और महाराज श्री का पैर छूना, फोटो खींचना भी वर्जित है।







